गांव-शहर में गूंजे गौरा-गौरी गीत, गाजे-बाजे के साथ हुआ प्रतिमा विसर्जन,चार दिनों तक चली रस्मों के बाद दीपावली की रात साक्षी बने शिव-पार्वती के दिव्य विवाह के
बालोद। दीपों के पर्व दीपावली के साथ ही बालोद जिले में पारंपरिक और सांस्कृतिक आस्था का संगम गौरा-गौरी पर्व भी पूरे उत्साह के साथ मनाया गया। चार दिनों तक चली विवाह रस्मों के बाद मंगलवार-बुधवार को श्रद्धालुओं ने पूरे विधि-विधान से गौरा-गौरी की पूजा अर्चना कर प्रतिमाओं का विसर्जन किया। ग्रामीण और शहरी दोनों…




















