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अंचल में हर्षोल्लास से मना दीपपर्व.. रात भर बनाये गौरा गौरी और अलसुबह निकाली गई शोभायात्रा… आज इस तरह मनाएंगे गोवर्धन पूजा पर्व

बालोद-दीपावली पर बालोद शहर सहित गांवों में उत्साह का माहौल रहा। गुरुवार को लक्ष्मी पूजा के बाद रातभर गौरी गौरा बनाने का सिलसिला चला।शुक्रवार की अलसुबह बारात के रूप में शोभायात्रा निकाली गई। सुबह से देर शाम तक गौरी-गौरा पूजा, गोवर्धन पूजा की रस्म निभाने का सिलसिला चला। रात भर गौरी-गौरा विवाह के जश्न में…

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देश का सबसे बड़ा महापर्व दीवाली सिर्फ शहरों में नही बल्कि गांवो में कुछ इस तरह पारंपरिक तरीके से मनाया जाता है…

बालोद-कहते हैं भारत की आत्मा गांवों में बसती है। तभी तो छत्तीसगढ़ में दिवाली के दूसरे दिन गांवों की चमक दोगुनी बढ़ जाती है। जी हां हम देश के सबसे बड़े त्योहार दीपावली पर्व पर छत्तीसगढ़ में मनाई जाने वाली गौरा-गौरी को मंगलवार धनतेरश की रात को गाजे बाजे व् गीत के साथ जगाया जाता…

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मुख्यमंत्री के त्वरित निर्णय से कोविड-19 जैसी विपरीत परिस्थितियों में भी छत्तीसगढ़ की अर्थव्यस्था रही मजबूत – डॉ रश्मि आशीष सिंह

  बालोद छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आज जिला मुख्यालय बालोद के स्व.सरयू प्रसाद अग्रवाल स्टेडियम में छत्तीसगढ़ राज्योत्सव का आयोजन गरिमामय वातावरण में हुआ। कार्यक्रम की मुख्य अथिति संसदीय सचिव डॉ. रश्मि आशीष सिंह थी। उन्होंने छत्तीसगढ़ राज्योत्सव व आगामी त्यौहारों के लिए जिलेवासियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी। उन्होंने कार्यक्रम को…

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कर्मचारियों को बोनस देने सहित शक्कर कारखाना प्रबंधन के खिलाफ 5 सूत्रीय मांगों को कर्मचारी यूनियन ने सौपा ज्ञापन

बालोद-जिले के एक मात्र दंतेश्वरी मैया शक्कर कारखाना में कर्मचारियों को बोनस देने सहित कारखाना प्रबंधन के खिलाफ 5 सूत्रीय मांगों को लेकर शनिवार को कर्मचारी युनियन कलेक्ट्रोरेट पहुचकर कलेक्टर के नाम आवक जावक में ज्ञापन सौपा।कर्मचारी यूनियन बालोद के महासचिव देवेंद्र सिन्हा ने कहा कि करकामाट (बालोद) हमेशा से प्रबंधन के साथ आपसी सामजस्य…

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इस बार दीवाली में दिखेंगे रंग बिरंगी इको फ्रेंडली दिए..जिले भर में ये समूह 5 लाख रुपये के दिये बेचने का बनाया लक्ष्य

बालोद(नरेश श्रीवास्तव)-जिले के महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन अन्तर्गत गठित स्व-सहायता समूहों द्वारा विगत 02 वर्षो से बालोद दीपक ब्रांड नाम से गोबर दिये निर्मित दिये बनाये जा रहे है गोबर के दिये के साथ-साथ मिट्टी के दिये, ॐ, श्री स्वास्तिक, शुभ-लाभ, हवन कुण्ड आदि भी बनाया जा रहा है। शासकीय कार्यलयों…

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नौ दिनों तक माता की सेवा आराधना के बाद आज जिले में पारंपरिक तरीके से माँ जगदंबा को अंतिम विदाई देने उमड़ी भीड़….

बालोद-जिला मुख्यालय में शनिवार को माँ दुर्गा ,सरस्वती की प्रतिमाओ की विसर्जन शोभायात्रा गाजे बाजे, माता सेवा व आतिशबाजी के साथ निकाली गई । वही जशपुर के पत्थलगांव में हुुुई धटने के बाद शहर के सभी चौक चौराहे में भारी सख्या में पुलिस की तैनाती किया गया था। इस अवसर पर दर्जनों लोगो ने अपने…

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एक ओर छत्तीसगढ़ के कुछ जगहों पर धार्मिक माहौल के बीच अशांति की खबरे …दुसरीं तरफ बालोद जिला मुख्यालय में दुर्गा विसर्जन पर इस समुदाय ने पेश किया मिशाल…किया ये आयोजन

बालोद- एक ओर जहां छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में दो समुदायों के बीच हिंसक माहौल बना हुआ है।तो वही बालोद जिले में एकता की एक अनूठी मिसाल देखने को मिल रही है। बालोद जो शांत प्रिय शहर है यहां विभिन्न आयोजनों पर हिंदू मुस्लिम एकता देखते ही बनती है। अब एक नया नजारा दुर्गा विसर्जन…

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बालोद जिले में धूमधाम से मनाया गया दशहरा का महापर्व.. लेकिन इस पर्व में शासन के आदेशों का कितना हुआ पालन…किस तरह से मनाया गया दशहरा पर्व

बालोद- जिलों में कोरोना महामारी की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने दशहरा पर्व मनाने के लिए गाइड लाइन जारी की थी। 150 से अधिक लोगों को प्रवेश नहीं देने और किसी भी तरह का सांस्कृतिक आयोजन नहीं करने, आतिशबाजी नहीं करने जैसे अनेक नियम बनाए थे। जिला मुख्यालय के सरदार पटेल मैदान में दशहरा…

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बालोद जिले के इन गांवों में आज भी दशहरा को लेकर अलग अलग परंपरा …कही रावण का नही होता दहन तो कही सीमेंट से बने मूर्ति पर किया जाता है अग्निबाण

बालोद- बालोद जिला मुख्यालय से 3 किमी दूरी पर स्थित ग्राम झलमला में दशहरे पर रावण दहन नही किया जाता। वही नेवारिकला में सीमेंट से बनी रावण की प्रतिमा पर अग्निबाण से किया जाता दहन। ग्राम झलमला जहां पर मां गंगा मैया की बहुत ही विशाल मंदिर स्थित है यहां पर नवरात्रि पर पूरे 9…

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*मां अंगारमोती दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को अब बीच रास्ते में नहीं देना होगा पार्किंग शुल्क*

आदिशक्ति मां अंगारमोती ट्रस्ट द्वारा पार्किंग के नाम पर मां अंगारमोती दर्शन करने हेतु गंगरेल जाने वाले श्रद्धालुओं से लिए जाने वाले पार्किंग शुल्क हेतु लगाए गए बैरियर को हटाए जाने कलेक्टर के फैसले का स्वागत करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया गया है। ज्ञात हो इस संबंध में आदिशक्ति मां अंगारमोती ट्रस्ट के पदाधिकारियों द्वारा…

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