10 सूत्रीय मांगों को लेकर अनिश्चित कालीन हड़ताल पर बैठे हैं सर्व आदिवासी समाज
सर्व आदिवासी समाज की मांग है कि सुकमा जिले के ग्राम सिलगेर में पुलिस के गोलीबारी से मृत आदिवासियों के परिजनों को 50 लाख रूपये, घायलों को 5 लाख रूपये और मृतकों के परिजनों को योग्यता अनुसार शासकीय नौकरी एवं सम्पूर्ण बस्तर में नक्सल समस्या का समाधान के लिए शासन स्तर पर पहल किया जाये, शासकीय नौकरी में बैकलाग और नईभर्तियों में रोस्टर आरक्षण लागू किया जाये, पांचवी अनुसूची क्षेत्र में तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती में शत् प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाये, प्रदेश में खनिज उत्खनन के लिए जमीन अधिग्रहण की जगह लीज में लेकर जमीन मालिक को शेयर होल्डर बनाया जाये , गौण खनिज का पूरा अधिकार ग्राम सभा को दिया जाये , फर्जी जाति प्रमाण पत्र पर शीघ्र कार्यवाही हो , मात्रात्मक त्रुटि सुधार कर 19 जातियों को जातिप्रमाण पत्र जारी करें , छात्रवृत्ति योजना में आदिवासियों के लिए आय सीमा 2.50 लाख को समाप्त किया जाये , आदिवासी समाज की लड़की अन्य जाति समाज में शादी होने पर इनके नाम की जमीन जायदाद वापस किया जाये , आदिवासियों पर उत्पीड़न जमीन का हस्तांतरण , महिला एवं बच्चों पर अत्याचार , हत्या , जातिगत पर तत्काल कार्यवाही करें । धरना प्रदर्शन में सर्व आदिवासी समाज के जिलाध्यक्ष उमेदिराम गगराले, ब्लाक अध्यक्ष सोनसाय लेडिया,उपाध्यक्ष सेवकराम नेताम,टीकम पटौदी,सचिव फिरन्ता उइके,सहसचिव हुसैन नेताम,गोपाल कतलाम सहित आदिवासी की महिलाएं व पुरुष बड़ी सख्या में शामिल थे।