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प्रदेश रूचि

एक साल बाद छलका तांदुला जलाशय: 1.04 फीट बहा पानी, 24 घंटे में साढ़े चार फीट बढ़ा जलस्तर

बालोद | प्रदेशरुचि – बालोद जिला सहित पूरे कैचमेंट एरिया में पिछले तीन दिनों से हुई लगातार मूसलाधार बारिश ने दुर्ग संभाग के सबसे बड़े और बालोद, दुर्ग व बेमेतरा जिलों की जीवनदायिनी तांदुला जलाशय को एक बार फिर लबालब कर दिया है। करीब एक साल बाद शनिवार सुबह तांदुला जलाशय ओवरफ्लो हो गया। सुबह जलाशय के रपटे से लगभग 1.04 फीट पानी छलकता रहा, जबकि लगातार बनी पानी की आवक के चलते इसके और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।

 

मुख्य बिंदु जानकारी
जलाशय की स्थिति एक साल बाद ओवरफ्लो
रपटे से पानी 1.04 फीट
वर्तमान जलस्तर 39.90 फीट
24 घंटे में वृद्धि करीब 4.5 फीट
प्रभावित जिले बालोद, दुर्ग और बेमेतरा
स्थिति कैचमेंट से पानी की आवक जारी

ओवरफ्लो का नजारा देखने उमड़े लोग

तांदुला जलाशय के छलकने की खबर फैलते ही सुबह से बड़ी संख्या में पर्यटक और आसपास के ग्रामीण परिवार सहित जलाशय पहुंचने लगे। रपटे से बहते पानी, उठती लहरों और करीब एक किलोमीटर तक फैले जलराशि के विहंगम दृश्य ने लोगों को आकर्षित किया। कई लोग मोबाइल फोन से तस्वीरें और वीडियो बनाते नजर आए।

39.90 फीट पहुंचा जलस्तर

सिंचाई विभाग के अनुसार शनिवार को तांदुला जलाशय का जलस्तर 39.90 फीट दर्ज किया गया। पिछले 24 घंटे में ही जलस्तर में करीब साढ़े चार फीट की वृद्धि हुई है। लगातार बारिश के कारण नदी-नालों से पानी की आवक अभी भी बनी हुई है, जिससे जलभराव तेजी से बढ़ रहा है।

बताया गया कि सप्ताह की शुरुआत में रपटे पर केवल लहरों का पानी दिखाई दे रहा था, लेकिन कैचमेंट क्षेत्र में लगातार हुई बारिश के बाद शुक्रवार रात से जलप्रवाह तेजी से बढ़ा और शनिवार सुबह तक पानी 1.04 फीट ऊपर से बहने लगा।

 जलाशय में रिकॉर्ड जैसी तेजी

 तांदुला जलाशय में इस बार जलभराव बेहद तेज गति से हुआ है। पिछले तीन दिनों की लगातार बारिश ने जलाशय की तस्वीर पूरी तरह बदल दी। बीते 24 घंटे में साढ़े चार फीट पानी बढ़ना हाल के वर्षों की सबसे तेज बढ़ोतरी में से एक माना जा रहा है। सिंचाई विभाग का कहना है कि पिछले दो वर्षों की तुलना में इस बार जलाशय में उल्लेखनीय जलभराव हुआ है।

तीन जिलों की जीवनरेखा बना तांदुला

तांदुला जलाशय बालोद, दुर्ग और बेमेतरा जिलों के लिए सिंचाई और जलापूर्ति का प्रमुख स्रोत है। जलाशय के भर जाने से किसानों और आम लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। साथ ही ओवरफ्लो होने के बाद यहां पर्यटन गतिविधियां भी बढ़ गई हैं।

 

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