नई दिल्ली।सरकार ने टीवी समाचार चैनलों की टीआरपी रिपोर्टिंग पर चार सप्ताह के लिए रोक लगाने का निर्देश दिया है। यह फैसला संकट और संघर्ष जैसी परिस्थितियों के दौरान कुछ चैनलों में बढ़ती अटकलबाजी और सनसनीखेज प्रस्तुति को देखते हुए लिया गया है।
सरकार का कहना है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान कुछ टीवी न्यूज चैनलों ने जरूरत से ज्यादा उत्तेजक और अनुमान आधारित सामग्री प्रसारित की। ऐसे समय में इस तरह की कवरेज न सिर्फ भ्रम पैदा कर सकती है, बल्कि प्रभावित इलाकों में रहने वाले लोगों के परिजनों और आम दर्शकों में बेवजह दहशत भी बढ़ा सकती है।
इसी आशंका को ध्यान में रखते हुए सरकार ने एहतियाती कदम उठाते हुए चार सप्ताह तक टीवी न्यूज चैनलों के टेलीविजन रेटिंग पॉइंट्स (टीआरपी) की रिपोर्टिंग पर रोक लगाने का फैसला किया है। सरकार के मुताबिक, इस निर्णय को संबंधित पक्षों ने व्यापक रूप से स्वीकार किया है और अब तक इस पर कोई आपत्ति सामने नहीं आई है।
यह जानकारी सूचना एवं प्रसारण राज्य मंत्री एल. मुरुगन ने लोकसभा में एक लिखित जवाब के जरिए दी। उन्होंने बताया कि यह कदम जिम्मेदार प्रसारण व्यवस्था बनाए रखने और संकट की घड़ी में सनसनीखेज सामग्री पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से उठाया गया है।
संकट के समय सनसनी पर सख्ती, सरकार ने 4 हफ्ते के लिए रोकी टीवी न्यूज टीआरपी रिपोर्टिंग




















