
कार्यशाला में मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, गुजरात और दमन-दीप सहित सात राज्यों के पदाधिकारी उपस्थित रहे। 7 मार्च से देशभर में प्रारंभ होने वाले मंडल, जिला और प्रदेश स्तरीय प्रशिक्षण महाअभियानों के 12 विषयों पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया गया। संगठन के ढांचे को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं को वैचारिक रूप से सक्षम बनाने और अभियान को प्रभावी तरीके से धरातल पर उतारने की रणनीति पर चर्चा हुई।

कार्यक्रम में राष्ट्रीय संगठन मंत्री बी.एल. संतोष, सह संगठन मंत्री शिवप्रकाश और राष्ट्रीय संघटक वी. सतीश ने प्रशिक्षण सत्रों को संबोधित किया और आगामी महाअभियान की रूपरेखा स्पष्ट की। उन्होंने पदाधिकारियों को बताया कि प्रशिक्षण केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि संगठन की कार्यसंस्कृति को सुदृढ़ करने का माध्यम है।
छत्तीसगढ़ से प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव, क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल, प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय सहित लगभग 20 प्रमुख पदाधिकारी कार्यशाला में शामिल हुए।
बालोद के कद्दावर भाजपा नेता यशवंत जैन ने इस कार्यशाला में सक्रियता से भाग लेते हुए विभिन्न सत्रों में प्रशिक्षण ग्रहण किया। संगठनात्मक अनुभव के बावजूद निरंतर सीखने और स्वयं को अपडेट रखने की उनकी प्रतिबद्धता को पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि जैन का यह प्रशिक्षण अनुभव आगामी दिनों में छत्तीसगढ़ में चलने वाले प्रशिक्षण महाअभियान को बेहतर ढंग से लागू करने में सहायक साबित होगा।

मुंबई की इस कार्यशाला को आगामी संगठनात्मक विस्तार और कार्यकर्ता सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिसमें छत्तीसगढ़ की भागीदारी उल्लेखनीय रही।




















