जिले के किसानों, महिलाओं, युवाओं, मजदूर वर्ग, बुद्धिजीवियों और शासकीय कर्मचारियों ने बजट को सर्वसमावेशी और विकासोन्मुख बताया है।

महिलाओं के लिए बड़े प्रावधान
प्रदेशभर में 75 करोड़ रुपये की लागत से 250 महतारी सदन निर्माण, आंगनबाड़ी संचालन के लिए 800 करोड़, पूरक पोषण आहार योजना हेतु 650 करोड़ और पोषण अभियान के लिए 235 करोड़ रुपये के प्रावधान को महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना गया है।
झलमला की दीपा साहू और चिराईगोड़ी की कलाबाई साहू ने कहा कि यह बजट ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में ठोस प्रयास है।
लखपति दीदी भ्रमण योजना के लिए 5 करोड़ रुपये का प्रावधान भी चर्चा में रहा। इस योजना के तहत महिलाओं को सफल उद्यमियों के कार्य मॉडल समझने का अवसर मिलेगा। साथ ही महिलाओं के नाम पर भूमि-भवन क्रय पर पंजीयन शुल्क में 50 प्रतिशत छूट का प्रावधान भी आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

मोना टुवानी ने कहा कि यह बजट छत्तीसगढ़ के सर्वांगीण विकास की मजबूत आधारशिला है, जिसमें हर वर्ग के हितों का संतुलित ध्यान रखा गया है। उन्होंने इसे जनकल्याणकारी और दूरदर्शी बजट बताते हुए कहा कि इससे प्रदेश में विकास की रफ्तार और तेज होगी।
किसानों और मत्स्यपालकों को राहत
कृषक उन्नति योजना में दलहन, तिलहन, मक्का, कोदो, कुटकी, रागी और कपास को शामिल करते हुए 10 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किसानों के लिए बड़ा पैकेज माना जा रहा है। झलमला के किसान थानसिंह ठाकुर, कल्याण साहू और गुहाराम ने इसे किसान हितैषी निर्णय बताया।

प्रधानमंत्री मत्स्य पालन योजना के अंतर्गत 200 करोड़ रुपये के प्रावधान से मत्स्यपालकों में भी उत्साह है। सिवनी के मत्स्य पालक पुरुषोत्तम निषाद ने कहा कि इससे खेती के साथ अतिरिक्त आय के अवसर बढ़ेंगे।

नगरीय विकास और पर्यटन को बढ़ावा
आदर्श समृद्धि शहर योजना के लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान नगरीय क्षेत्रों के लिए अहम माना जा रहा है। बालोद निवासी एवं पार्षद दीपक लोढ़ा के अनुसार इससे नगर पालिकाओं में अधोसंरचना और स्वच्छता व्यवस्था में सुधार होगा।
धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कुदरगढ़, रतनपुर, चंद्रपुर, डोंगरगढ़ और दंतेवाड़ा के शक्तिपीठों को जोड़ते हुए आस्था पथ योजना के लिए 5 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

युवाओं और विद्यार्थियों के लिए अवसर
छत्तीसगढ़ युवा दर्शन योजना के लिए 5 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके तहत विद्यार्थियों को ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों के भ्रमण का अवसर मिलेगा। बालोद के आशुतोष कौशिक और अभिन्न यादव ने इसे युवाओं के दृष्टिकोण को व्यापक बनाने वाला कदम बताया।
कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य सुरक्षा
राज्य के अधिकारी-कर्मचारियों को कर्मचारी कार्ड के माध्यम से कैशलेस बीमा सुविधा देने के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसे कर्मचारी हित में दूरगामी निर्णय बताया गया है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया

जिला महामंत्री राकेश छोटू यादव ने बजट को “महतारी गौरव वर्ष” की भावना से जुड़ा बताया और कहा कि महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए किए गए प्रावधान ऐतिहासिक हैं।
जिला महामंत्री सौरभ लुनिया ने धार्मिक पर्यटन और छात्र भ्रमण योजनाओं को सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने वाला कदम बताया।

जिला कोषाध्यक्ष हरीश कटझरे के अनुसार बजट 3.0 कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और अधोसंरचना विकास पर केंद्रित है और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती देगा।
भाजपा जिला कार्यालय मंत्री विनोद जैन ने इसे “सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय” की भावना वाला बजट बताया, जबकि जिला मीडिया प्रभारी कमल पनपालिया ने कहा कि राज्य निर्माण के समय 4,944 करोड़ से बढ़कर बजट का आकार अब 1,72,000 करोड़ रुपये तक पहुंचना प्रदेश की आर्थिक प्रगति का प्रमाण है।
स्टेडियम से लेकर सायबर थाना और हाईटेक ड्राइविंग टेस्ट ट्रैक तक, बजट 2026-27 में बालोद को मिली सौगातों ने विकास की नई उम्मीद जगाई है। जिला स्तर पर मिली इन घोषणाओं को स्थानीय लोग प्रदेश के समावेशी विकास की मजबूत आधारशिला मान रहे हैं।




















