प्रदेश रूचि

टारगेट पूरी करने की आड़ में फर्जीवाड़ा… 142 सिम फ्रॉड केस में POS विक्रेता गिरफ्तार, बायोमैट्रिक से खेल करने वालों सावधान

बालोद। पुलिस ने वोडाफोन-आईडिया कंपनी के पॉस ऑपरेटर ईश्वर गजेन्द्र को 142 फर्जी सिम जारी करने के मामले में गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। आरोपी कंपनी के टारगेट को पूरा करने के दबाव में सिम धारकों की पहचान का दुरुपयोग कर बायोमैट्रिक आधार एप्लीकेशन से धोखाधड़ी कर रहा था।

सायबर सेल की जांच में यह खुलासा हुआ कि आरोपी ने 1 जुलाई 2024 से 30 अगस्त 2024 के बीच ग्राहकों के आधार फेस आईडी को जियो सिम बेचने के दौरान स्कैन किया और उसी पहचान का उपयोग वोडाफोन-आईडिया की अतिरिक्त सिम उनके नाम पर जारी करने में किया। हैरानी की बात यह रही कि असली धारकों को इन अतिरिक्त सिम की जानकारी तक नहीं थी।

कई मामलों में आरोपी सिम को सक्रिय दिखाने के लिए एक कॉल करने के बाद उसे तुरंत तोड़ देता था, ताकि किसी को misuse का संदेह न हो। 142 सिम जारी होने की शिकायत पर थाना बालोद में अपराध क्रमांक 531/2025 के तहत बीएनएस की धारा 318(4) और दूरसंचार अधिनियम की धारा 42(3)(म्) के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया।

पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया है कि सिम बेचने और पोर्टिंग के दौरान अन्य साथियों की मदद से यह खेल लंबे समय से चल रहा था। पुलिस का मानना है कि यह मामला तकनीकी पहचान के दुरुपयोग से जुड़े गंभीर साइबर जोखिमों की ओर इशारा करता है। फिलहाल पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कहीं इन सिमों का उपयोग साइबर फ्रॉड या अन्य वित्तीय अपराधों में तो नहीं हुआ।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!