बालोद। हमर राज पार्टी के जिला अध्यक्ष और पत्रकार देवेंद्र साहू की कार में आग लगाने की वारदात ने एक और बड़ा मोड़ ले लिया है। मामले में पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने ग्राम अंगारी की सरपंच ममता डडसेना और उनके सहयोगी श्यामू उर्फ रिंकू यादव को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इससे पहले पुलिस इस मामले में पाँच आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
जांच के अनुसार, घटना 1 दिसंबर की रात हुई थी, जब देवेंद्र साहू की कार उनके घर के परिसर में पेट्रोल डालकर जला दी गई। शुरुआती जांच के बाद पकड़े गए पाँच आरोपियों ने खुलासा किया कि इस पूरी साजिश के पीछे जेल में बंद अश्वनी डडसेना का हाथ है। अश्वनी ने देवेंद्र साहू से जमीन विवाद बताते हुए उनकी कार में आग लगाने और उन पर हमला करवाने की सुपारी दी थी।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि अश्वनी डडसेना के कहने पर उसकी पत्नी—ग्राम अंगारी की सरपंच ममता डडसेना—और उसका विश्वस्त सहयोगी श्यामू उर्फ रिंकू यादव ने दल्लीराजहरा के आरोपियों को देवेंद्र साहू का पता उपलब्ध कराया। दोनों ने ही अग्रिम रकम, खर्च और अन्य सुविधाएँ मुहैया कराकर वारदात को अंजाम देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पुलिस ने दोनों से कड़ाई से पूछताछ की, जिसमें उन्होंने आरोपियों को आर्थिक सहायता और लोकेशन देने की बात स्वीकार कर ली। इसी आधार पर ममता डडसेना और श्यामू यादव को गिरफ्तार कर 7 दिसंबर को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
इस पूरे मामले में अब तक कुल सात गिरफ्तारियाँ हो चुकी हैं। पुलिस का दावा है कि जेल में बंद अश्वनी डडसेना द्वारा रची गई यह क्षतिपूर्ति और हमला करवाने की बड़ी साजिश थी, जिसमें उसकी पत्नी और सहयोगी सक्रिय रूप से जुड़े थे। मामला अब अश्वनी और उसके नेटवर्क की भूमिका पर और गहराई से पहुंच चुका है।




















