बालोद पुलिस ने शेयर ट्रेडिंग के नाम पर हुई 50 लाख रुपए की धोखाधड़ी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए एक अंतरराज्यीय गिरोह के दो सदस्यों को महाराष्ट्र के औरंगाबाद से गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने बालोद के एक निजी अस्पताल के डॉक्टर को अधिक मुनाफे का लालच देकर अपना शिकार बनाया था।
मामले का खुलासा
यह मामला तब सामने आया जब बालोद के उम्मीद हॉस्पिटल में कार्यरत एक डॉक्टर ने 27 मार्च 2025 को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। अपनी रिपोर्ट में उन्होंने बताया कि 30 जनवरी से 10 फरवरी 2025 के बीच उन्हें एक शेयर ट्रेडिंग ग्रुप में जोड़ा गया था। इस ग्रुप के माध्यम से उन्हें ऊंचे रिटर्न का झांसा दिया गया और अलग-अलग किस्तों में UPI और RTGS के जरिए कुल 50,38,206 रुपए विभिन्न बैंक खातों में जमा करवा लिए गए। शिकायत के आधार पर बालोद थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(4) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पुलिस की कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस महानिरीक्षक (दुर्ग रेंज) रामगोपाल गर्ग और पुलिस अधीक्षक (बालोद) योगेश कुमार पटेल के निर्देशन में एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम में थाना बालोद और साइबर सेल के विशेषज्ञ शामिल थे। टीम ने ट्रेडिंग ऐप, बैंक खातों के विवरण और अन्य तकनीकी सबूतों का विश्लेषण कर आरोपियों की लोकेशन महाराष्ट्र में होने की पुष्टि की।
इसके बाद टीम को मुंबई और औरंगाबाद भेजा गया। वहां स्थानीय मुखबिरों और पुलिस की मदद से टीम ने आरोपियों की घेराबंदी कर उन्हें सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी
पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों प्रेम जाधव (23 वर्ष), निवासी जवाहर कॉलोनी, बोधनगर, औरंगाबाद, महाराष्ट्र गौरव गणेश जाधव (19 वर्ष), निवासी जवाहर कॉलोनी, बोधनगर, औरंगाबाद, महाराष्ट्र को गिरफ्तार कर बालोद लाया गया है।
आरोपियों के पास से एक मोबाइल फोन, पांच एटीएम कार्ड और एक पैन कार्ड बरामद किया गया है। दोनों आरोपियों को 21 सितंबर 2025 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। इस सफल कार्रवाई में साइबर सेल और थाना बालोद की टीम का विशेष योगदान रहा।




















