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बालोद में पौधारोपण बना जनआंदोलन — माँ के नाम हरियाली, आने वाली पीढ़ियों के नाम उम्मीद

बालोद | बालोद ने सिर्फ पौधे नहीं रोपे, एक नई सोच बोई — “एक पेड़ माँ के नाम”।देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान और ज़िला कलेक्टर दिव्या मिश्रा के नेतृत्व में बालोद ने पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन की शक्ल दे दी।

शहर के शासकीय कर्मा कन्या महाविद्यालय में सिरुबाई भोमराज कल्याण समिति, नगर पालिका और युवा मित्र क्लब के संयुक्त प्रयास से 416 फलदार और छायादार पौधों का रोपण हुआ। खास बात ये रही कि 100 पौधे महाविद्यालय परिसर में बच्चों से लगवाए गए — जिन्हें “बाल फुलवारी” के रूप में संवारा जाएगा।

लोगों ने सिर्फ अपनी माँ के नाम पर ही नहीं, बल्कि दिवंगत परिजनों की स्मृति में भी पौधे लगाए। हर हाथ में कुदाल थी, हर दिल में भावना — हरियाली के ज़रिए श्रद्धा अर्पित करने की।

 एक सपना, जिसे ज़मीन दी गई

इस आयोजन में शहर की हर जाति, हर समाज, हर वर्ग से लोग जुड़े। ऐसा लगा मानो पूरा बालोद अपने हिस्से की धूप कम करने मैदान में उतर आया हो। उत्साह ऐसा कि हर पौधा, एक वादा बन गया।

रायपुर से पहुँचे पर्यावरण प्रेमी डॉ. पद्म जैन की उपस्थिति ने इस मुहिम को और ऊर्जा दी। नगर पालिका के पार्षदों और कर्मचारियों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया।

विकास जैन (सिरुबाई समिति) और विनोद जैन मोनू (युवा मित्र क्लब) ने बताया कि इतने बड़े स्तर पर पौधारोपण करना आसान नहीं था। लेकिन श्रीश्रीमाल ज्वेलर्स के संचालक शंकरलाल जैन और नगर पालिका के विशेष सहयोग से यह सपना हकीकत बना। समिति ने सभी पौधों की तीन साल तक देखरेख की ज़िम्मेदारी भी ली है।

 हर मोहल्ला बनेगा ‘ऑक्सीजन ज़ोन’

यह सिर्फ एक दिन का आयोजन नहीं। समिति और क्लब अब तालाबों के किनारे और अनुपयोगी शासकीय ज़मीनों पर पौधे लगाने की दिशा में काम करेंगे। लक्ष्य है — हर मुहल्ले में एक हरित कोना बनाना, जो आने वाले कल की गर्मी को थामे और साँसों को राहत दे।

 जोड़े गए नाम, बनी स्मृतियाँ

इस जन-भागीदारी वाले अभियान में विशेष रूप से शामिल रहे —
डॉ. प्रदीप जैन, डॉ. ए.वी. महेश्वर, चेतना महेश्वर, यशवंत जैन (पूर्व अध्यक्ष, बाल संरक्षण आयोग), स्वरूप राठी (माहेश्वरी समाज), ताराचंद सांखला (जैन श्रीसंघ), वरिष्ठ पत्रकार ब्रजेश पांडेय, रूपचंद जैन, शिव जायसवाल, कमलेश सोनी (उपाध्यक्ष, नगर पालिका), योग शिक्षक रविप्रकाश पांडेय, प्राची ललवानी, कमल निषाद, विनोद बंटी शर्मा, कसिमुद्दीन कुरैशी, छोटेलाल चंद्राकर, संजय शर्मा, राज सोनी, तरुण बड़तीया, श्यामसुंदर मंत्री, परमेश्वर राठी, श्रवण टावरी, मुकेश जैन, रजत श्रीश्रीमाल, शुभम श्रीश्रीमाल, हरीश दुबे सहित नगर पालिका के पार्षदगण, अधिकारी, कर्मचारी एवं शिक्षकगण।

 जहाँ-जहाँ कदम पड़े, हरियाली छोड़ गए

इसी दिन ज़िला कलेक्टर ऑफिस, उप पंजीयक कार्यालय और राजहरा व्यापारी संघ कार्यालय में भी वृक्षारोपण हुआ। कलेक्टर दिव्या मिश्रा के साथ-साथ स्वाधीन जैन (छत्तीसगढ़ चैंबर ऑफ कॉमर्स मंत्री), जयदीप गुप्ता (पूर्व अध्यक्ष, भाजपा युवा मोर्चा), योगेन्द्र सिन्हा (अध्यक्ष, भाजपा कुसुमकसा), हितेश कुमार डोंगरे (प्रदेश सह-सोशल मीडिया प्रभारी, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा), अंकित टाटिया और हितेश बाघमार जैसे युवा चेहरे भी इस मुहिम में शरीक हुए।

यह सिर्फ पेड़ नहीं… वजूद से जुड़े संकल्प हैं

बालोद ने यह साबित कर दिया कि जब प्रशासन दिशा देता है और समाज भागीदारी निभाता है, तब एक छोटे से ज़िले की आवाज़ देशभर में गूंज सकती है।
एक पेड़ माँ के नाम” अब नारा नहीं — हर बालोदवासी के दिल की बात है।

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