बालोद, ।किसानों को खराब या महंगे दामों पर खाद बेचने वालों पर अब बालोद प्रशासन का डंडा चलने लगा है। कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा के निर्देश पर जिले में चल रहे खाद दुकानों की जांच अभियान के तहत अब तक 93 सहकारी व निजी उर्वरक केन्द्रों की जांच हो चुकी है। इनमें गड़बड़ी पाए जाने पर 25 दुकानों को नोटिस दिया गया है, जबकि 4 निजी दुकानों की बिक्री पर सीधे प्रतिबंध लगाया गया है।
जिन खाद दुकानों की बिक्री पर रोक लगी है, उनमें गुण्डरदेही ब्लॉक की चन्द्राकर कृषि केन्द्र सिकोसा और सार्वा सेवा कृषि केन्द्र गुण्डरदेही, डौण्डी ब्लॉक की कोठारी कृषि केन्द्र और सुंदर कृषि केन्द्र खलारी शामिल हैं।
कलेक्टर की निगरानी में गठित टीमें लगातार फील्ड में सक्रिय हैं और दुकानों की जांच के साथ किसानों को डीएपी के विकल्प जैसे 20:20:0:13, 12:32:16, नैनो डीएपी व नैनो यूरिया के बारे में जानकारी दी जा रही है।
उप संचालक कृषि विभाग ने बताया कि जिले में खाद की गुणवत्ता व तय दर पर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सख्त निरीक्षण चल रहा है। गड़बड़ी मिलने पर उर्वरक गुण (नियंत्रण) आदेश 1985 के तहत तत्काल कार्रवाई की जा रही है।
जिला और ब्लॉक स्तर पर गठित टीमें अब नियमित जांच व निगरानी कर रही हैं। प्रशासन ने साफ संकेत दिया है कि किसानों से किसी भी तरह की धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




















