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गांव बोले – ऐसी सरकार चाहिए! भाजपा नेताओं की मौजूदगी में शिविर बना बदलाव का मंच…. ईधर भाजपा जिलाध्यक्ष चेमन देशमुख और मंडल अध्यक्ष कुसुम शर्मा ने कहा….

7000 से ज्यादा फरियादें सुनी गईं, काम भी हुए – दुधली और अर्जुनी में सुशासन तिहार बना उम्मीद की नई शुरुआत
भाजपा जिलाध्यक्ष चेमन देशमुख और मंडल अध्यक्ष कुसुम शर्मा रहे मौजूद, जनता से सीधा संवाद

बालोद, बालोद जिले के दुधली और अर्जुनी टिकरी गांवों में हाल ही में कुछ अलग ही नज़ारा देखने को मिला। सरकार सीधे गांव में पहुंची, लोगों की बात सुनी और मौके पर ही उनके काम भी कर दिए। मौका था सुशासन तिहार 2025 का, जिसमें करीब 7000 से ज्यादा आवेदन लिए गए और उनमें से ज़्यादातर का वहीं तुरंत हल निकाल दिया गया।

दुधली के हाई स्कूल में हुए समाधान शिविर में आसपास के 20 गांवों से लोग आए थे, वहीं अर्जुनी टिकरी में भी 11 पंचायतों के लोग शामिल हुए। राशन कार्ड से लेकर श्रम कार्ड, किसान क्रेडिट कार्ड से लेकर आवास योजना की स्वीकृति तक – कई लोगों को उनकी ज़रूरत की चीज़ें मिलीं। बुजुर्गों को छड़ी और श्रवण यंत्र दिए गए, बच्चों का अन्नप्राशन हुआ, और गर्भवती महिलाओं को सुपोषण किट देकर गोद भराई की रस्म भी निभाई गई।

भाजपा जिलाध्यक्ष चेमन देशमुख ने कहा, “गांव के लोगों को उनकी समस्याओं का हल अब उनके घर के पास ही मिल रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार आम जनता तक सीधे पहुंच रही है – यही असली सुशासन है।”

डौंडी लोहारा मंडल अध्यक्ष  कुसुम शर्मा ने भी कहा, “गांव की महिलाओं, किसानों और मजदूरों ने जो संतोष जताया, वो बताता है कि शिविर का असर जमीन पर दिख रहा है।”

शिविर में अलग-अलग विभागों को हजारों आवेदन मिले। दुधली क्लस्टर में 3799 और अर्जुनी टिकरी में 3307 मामलों को अधिकारियों ने सुना और ज्यादातर का मौके पर हल कर दिया गया।

शिविर में पौधरोपण भी हुआ – ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के तहत।

अब लोग कह रहे हैं – ‘सरकार दफ्तर से बाहर निकलकर सीधे हमारे बीच आई है।’ सुशासन तिहार ने प्रशासन और जनता के बीच की दूरी घटाई है – और यही सबसे बड़ी बात है।

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