*छत्तीसगढ़ी फिल्म महोत्सव में पहुंचे सीएम….छत्तीसगढ़ी फिल्मों को बढ़ावा देने फ़िल्म उद्योग नीति को लेकर सीएम ने क्या कहा…फ़िल्म उद्योग को कैसे मिलेगी 1 से 5 करोड़ की राशि पढ़े पूरी.*
रायपुर, छत्तीसगढ़ी फिल्मों का सफर 1965 में श्कहि देबे संदेशश् और श्घर-द्वारश् से शुरू हुआ, जो निरंतर जारी है। छत्तीसगढ़ी फिल्म जगत ने बहुत से उतार-चढ़ाव देखा है। इन फिल्मों ने सामाजिक व्यवस्था, सामाजिक कुरीतियां और समाजिक परिवेश पर अपनी बात कही है। दर्शकों के मन में मनोरंजन के साथ फिल्मों के माध्यम से…




















