बालोद-जिले के दल्लीराजहरा रेंज के मंगलतराई वन क्षेत्र में आगजनी की घटनाओं में आग को रोकने में फायर ब्लोवर मददगार साबित हो रहा है। दल्लीराजहरा रेंज के मंगलतराई क्षेत्र के जंगल मे कुछ शरारती तत्वों द्वारा आग लगा दी गई थी।जिसे वन परिक्षेत्र अधिकारी दल्लीराजहरा राजेश कुमार नादुलकर ने 23 मार्च को लगभग 1 बजे अग्नि प्रहरी व वन विभाग के कर्मचारियों को लेकर मौके पर पहुचकर फायर ब्लोवर की आधुनिक तकनीक से एक धंटे मे ही आग पर काबू कर लिया गया।दल्लीराजहरा के वन परिक्षेत्र अधिकारी राजेश कुमार नादुलकर ने बताया कि मंगलतराई के जंगल मे लगी आग को बुझाने के लिए अग्नि प्रहरी ,प्रबंधन समिति के सदस्य व अन्य कर्मचारियों की मदद से 10 फायर ब्लोवर मशीन से एक धंटे में आग पर काबू पाया गया। उन्होंने बताया कि प्रदेश में वन विभाग द्वारा आग को बुझाने के लिए आधुनिक तकनीकी का सहारा लिया जा रहा हैं।जिसमे बड़े बड़े से वन क्षेत्र में लगी आग पर तत्काल काबू किया जा रहा हैं। दल्लीराजहरा रेंज के वन क्षेत्रों में आगजनी की घटनाओं को रोकने के लिए वन विभाग ने फायर वाचर को भी तैनात किया है। एक टीम में पांच सदस्य है। कुल 20 टीम बनाकर क्षेत्र में तैनात किए गए हैं। जंगल में आगजनी न हो इसके लिए फायर वाचर क्षेत्र में देखरेख करते रहते हैं।
आपको बतादे पूरे मामले में देर रात तक प्रदेशरूचि के संपादक ने बालोद जिले के वन मंडलाधिकारी से चर्चा कर अलग अलग 12 -15 वन पर लगी आग की जानकारी दिए लेकिन डीएफओ ने रात को ही लगभग सभी जगहों में आग पर काबू पाने की बात कही थी लेकिन चिपरा के जंगल मे लगी आग घटना से 15 घंटो तक नही बुझी थी जिसपर वन अमला दूसरे दिन सुबह फिर से घंटो मश्क्कत के बाद आग पर काबू पाने की बात सामने आई है हालांकि इस मामले में वन विभाग ने कोई आधिकारिक जानकारी नही ढ़ी है




















