बालोद- बालोद तहसील कार्यालय और एसडीएम कार्यालय के पास ही ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी के कार्यलय से लगा एक एक शासकीय भवन से सटाकर एक अवैध कब्जा कर अवैध निर्माण किए जाने को लेकर गुरुवार को प्रदेश रुचि वेबपोर्टल में प्रमुखता से खबर प्रकाशित करने के तत्काल बाद नगर पालिका की टीम ने मौके पर पहुचकर निर्माण कार्य पर रोक लगाई है।वही अवैध निर्माण कार्य मे तहसीलदार की मौन सहमति होने से अवैध निर्माण का कार्य धड़ल्ले से किया जा रहा है।इस पर राजस्व विभाग द्वारा किसी भी प्रकार की कोई कार्यवाही करने के लिए बचते नजर आ रहे है।
अवैध निर्माण पर तहसीलदार की मौन सहमति, नगर पालिका ने लगाई रोक
जिला मुख्यालय के ही तहसील कार्यालय और एसडीएम कार्यालय के पास ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी कार्यालय से लगे एक शासकीय भवन से सटाकर एक निर्माण कार्य किया जा रहा है इस निर्माण में न तो कोई कालम का उपयोग किया जा रहा नही कोई मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जा रहा जिससे प्रथम दृष्टया शंका हुई निश्चित यह निर्माण अवैध है लेकिन बड़ा सवाल यह भी की खुद तहसीलदार और एसडीएम जिस जगह के पास बैठे हो उस जगह अवैध निर्माण कैसे हो सकता है मामले का पतासाजी किया गया तो मिली जानकारी के अनुसार इस जगह को महिला स्वसहायता समूह द्वारा दाल भात सेंटर के नाम से मांग किया गया है लेकिन इस मामले में न तो कोई सरकारी प्रक्रिया हुई न ही जमीन का आबंटन हुआ लेकिन राजनीतिक सरंक्षण और अधिकारियों की मौन सहमति से इस जगह धड़ल्ले से अवैध निर्माण कार्य जारी है।वही अवैध निर्माण कार्य पर तहसीलदार की मौन सहमति से धड़ल्ले से किया जा रहा है। जिस पर नगर पालिका की टीम गुरुवार को मौके पर पहुचकर अवैध निर्माण कार्य पर रोक लगाई है।