बालोद- ठेकेदार शिव शक्ति इंटर प्राइजेस के सब कांटेक्टर मेसर्स होलिसन लोजिस्टिक भिलाई के द्वारा राजहरा मांइस मे ठेके के काम में भिलाई निवासी अनिल सिंह परिहार के मशीन एवं वाहन के माध्यम से छल पूर्वक करवाकर नगदी रकम 2 करोड़ 14 लाख18 हजार 882 रूपये को भुगतान नहीं कर धोखाधड़ी किया है।जिसकी रिपोर्ट प्रार्थी सिंह कंपनी के संचालक अनिल सिंह परिहार ने सोमवार को दल्लीराजहरा थाना में शिवशक्ति इंटरप्राईजेस का मालिक सीएसपी सिंह , शिवशक्ति इंटरप्राईजेस के मालिक का पुत्र विशाल सिंह , मेसर्स होलिसन लोजिस्टिक भिलाई का मालिक जेम्स नचिकेतु के खिलाफ धोखाधड़ी करने की लिखित शिकायत किया है।
कंपनी द्वारा ठेकेदार का 2 करोड़ 14 लाख 18 हजार 882 रुपये नही किया भुगतान
प्रार्थी की रिपोर्ट पर पुलिस ने तीनों कंपनी के मालिक के खिलाफ धारा 420,34 के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में लिया है। अनिल सिंह परिहार ने पुलिस को बताया कि मेरे स्वयं का प्रायवेट कंस्ट्रक्शन कंपनी है। जिसके माध्यम से जब भी कोई ठेकेदार के द्वारा मुझे संपर्क कर काम चलाने के लिये जेसीबी मशीन, हाईवा वाहन की मांग करता है तो मै निर्धारित रेट में काम के हिसाब से अपने मशीन एवं वाहनों को देता हूं। इसी क्रम में भिलाई के शिव शक्ति इंटर प्राइजेस के द्वारा दल्ली माइंस जिला बालोद में काम लिया गया था जिसमें काम करने के लिए मशीन एवं वाहन की जरूरत पड़ने पर मुझसे संपर्क करने पर शिव शक्ति इंटरप्राइजेस के सब कांटेक्टर मेसर्स होलिसन लोजिस्टिक भिलाई के द्वारा मुझे विश्वास मे लेकर अक्टूबर 2018 से जून 2019 तक के लिये मौखिक अनुबंध कर मेरे से पोकलेन 450-01 नग को 05 लाख प्रति माह के दर से, टाटा पोकलेन 210-01 नग, हुंडई 210-01 नग, जेसीबी 205-01 नग प्रत्येक को प्रति माह 02 लाख कि दर से एवं इसी प्रकार 09 हाइवा ट्रक वाहन को 01 लाख 15 हजार प्रति माह के दर से प्रत्येक हाइवा का रेट निर्धारित हुआ था। इस प्रकार उक्त शिव शक्ति एवं होलिसन लोजिस्टिक भिलाई कंपनी के द्वारा प्रत्येक माह 21,35,000 रूपये मुझे भुगतान करने का विश्वास में लेकर उक्त कंपनियों के द्वारा 09 माह तक की राशि 1,40,76,401 रूपये हुआ जिसमे से लगातार मुझे मेरे कंपनी अनिल सिंह परिहार) के एचडीएफसी बैंक के खाता क्रमांक 50200007149136 में राशि 76,02,519 रूपये अंतरण किये है। उसके बाद उक्त दोनो कंपनियों के द्वारा राशि भुगतान करने में हिला-हवाला करते हुए आज-कल कहते-कहते आज तक मुझे किसी प्रकार की कोई रकम का भुगतान नहीं किया है।
दोनों कंपनियों ने दल्लीराजहरा माइस से ठेकेदार के वाहनों को बाहर निकाला
अनिल परिहार ने बताया पुलिस को बताया कि उक्त मेरे वाहनों को जो दल्ली राजहरा माइंस में लगाया गया था जिसे उक्त दोनों कंपनियों के द्वारा मेरे वाहनों को दल्ली राजहरा माइंस से बाहर निकाल कर रख दिया था। जिसकी जानकारी मुझे नहीं दिया था और न ही वाहनों की किराया राशि की भुगतान नहीं करने पर वाहनों की फायनेंसर कंपनियों द्वारा किस्त भुगतान हेतु बार-बार मुझे पत्राचार करते रहे। कंपनियों के द्वारा मेरे साथ प्रत्येक माह वाहनों की किराया किस्त भुगतान करने का विश्वास दिलाया था, जो नहीं किया गया मेरे साथ उक्त दोनों कंपनियों के द्वारा धोखाधड़ी किया है।




















