बालोद- जिले में कोरोना से अनाथ हुए बच्चो और जिनके देखभाल के लिए कोई परिजन नही होने के सम्बंध में मंगलवार को राष्टीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के सदस्य यशवंत जैन ने कलेक्टर व अन्य अधिकारियों की बैठक लेकर आवश्यक निर्देश दिए । वही जिले में कोरोना की तीसरी लहर की स्थिति में बच्चो के लिए जिला अस्पताल में निरीक्षण कर अधिकारियों को निर्देशित किया गया।इस दौरान यशवंत जैन ने जिला अस्पताल के पीएम केयर फंड से निर्मित ऑक्सीजन प्लांट,जच्चा बच्चा अस्पताल, पोषण पुनर्वास केंद्र का निरक्षण कर अधिकारियों व डॉक्टरों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। राष्टीय बाल अधिकार सरक्षण आयोग के सदस्य यशवंत ने प्रदेश रुचि से चर्चा करते हुए बताया कि केंद्र सरकार ने कोरोना से माता-पिता खोने वाले बच्चों को मुफ्त शिक्षा और इलाज की सुविधा मिलेगी। 18 वर्ष का होने पर मासिक आर्थिक सहायता और 23 वर्ष का होने पर दस लाख रुपये की आर्थिक मदद मिलेगी।

कोरोना से अनाथ हुए बच्चों के लिए पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रेन स्किम के तहत दी जाएगी मदद
यशवंत जैन ने बताया कि पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रेन’ स्कीम के तहत कोरोना से अनाथ हुए बच्चों की मदद की जाएगी। इस तरह के बच्चों के नाम पर फिक्स्ड डिपॉजिट स्कीम शुरू की की गई है। पीएम केयर्स फंड से एक विशेष स्कीम के तहत इसमें योगदान दिया जा रहा है। ताकि 18 वर्ष की आयु पूरी करने पर प्रत्येक के लिए 10 लाख रुपये का फंड बनाया गया है।इस दौरान महिला बाल विभाग ,स्वास्थ विभाग के अधिकारी व शाहिद खान उपस्थित थे।