
टीम मैनेजर वासुदेव ने बताया कि यह राष्ट्रीय प्रतियोगिता इंडियन ताइक्वांडो यूनियन फेडरेशन के आधिकारिक तत्वावधान में आयोजित की गई थी। उन्होंने कहा कि जिला मार्शल आर्ट एकेडमी बालोद लगातार युवाओं और बच्चों को खेलों के प्रति जागरूक कर रही है। जिले के कला केंद्र में नियमित ताइक्वांडो प्रशिक्षण दिया जाता है, जहां वर्तमान में लगभग 45 से 60 खिलाड़ी प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। यह एकेडमी पिछले 12 वर्षों से निरंतर प्रशिक्षण और खेल गतिविधियों के माध्यम से प्रतिभाओं को निखार रही है।
इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए खिलाड़ियों को कोच यामिनी कौमार्य, खोगेश्वरी और चिरंजीव सोनेल ने कड़ी मेहनत और अनुशासन के साथ तैयार किया, जिसका परिणाम पदकों के रूप में सामने आया।

रेलवे स्टेशन पर हुआ भव्य स्वागत
राष्ट्रीय प्रतियोगिता से पदक जीतकर लौटे बालोद नगर के होनहार खिलाड़ियों का रेलवे स्टेशन बालोद में उत्साहपूर्वक स्वागत किया गया। इस अवसर पर भाजपा शहर मंडल के पदाधिकारियों और खेल प्रेमियों ने खिलाड़ियों को बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। स्वागत कार्यक्रम में स्वर्ण और रजत पदक विजेता खिलाड़ियों का विशेष रूप से सम्मान किया गया।
बालोद के इन प्रतिभावान खिलाड़ियों की यह उपलब्धि जिले के अन्य युवाओं के लिए प्रेरणा है और यह संदेश देती है कि निरंतर अभ्यास, सही मार्गदर्शन और समर्पण से राष्ट्रीय स्तर पर भी सफलता हासिल की जा सकती




















