बालोद। अर्जुन्दा में हुए अंधे कत्ल की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। लवली बिरयानी सेंटर संचालक के बेटे दूर्गेश देवांगन की हत्या उसके ही स्कूल के दोस्त पवन कुमार कंवर ने की थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
कैसे हुआ खुलासा?
30 नवंबर को अर्जुन्दा स्थित दिवान अंडा दुकान के पास दूर्गेश की लाश मिलने की सूचना मिली। मामला गंभीर होने पर पुलिस, साइबर सेल, डॉग स्क्वॉड और एफएसएल टीम ने मौके पर पहुंचकर बारीकी से जांच की। शुरुआती संकेतों से हत्या की आशंका मजबूत होने पर मामला दर्ज कर विशेष टीम बनाई गई।
सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय जानकारी के आधार पर पुलिस ने उन सभी लोगों से पूछताछ की जो घटना की रात बिरयानी सेंटर के आसपास मौजूद थे। फुटेज में आखिरी बार मृतक के साथ बैठे युवक की पहचान पवन कंवर के रूप में हुई।
हत्या की वजह और वारदात की कहानी
जांच में पता चला कि दूर्गेश और पवन साथ में बिरयानी खाने बैठे थे। इसी दौरान दोनों के बीच शराब पिलाने की बात को लेकर बहस हुई। गुस्से में पवन ने अपने पास रखी चमड़े की बेल्ट से दूर्गेश का गला कस दिया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के बाद पवन ने शव को चबूतरे पर लिटाया और चुपचाप अंदर बने ‘बिरयानी ठिहा’ में जाकर सो गया। पूछताछ में पवन ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।




















