
विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने इस अवैध प्रार्थना सभा की लिखित शिकायत की थी। संगठन का आरोप है कि पादरी और ईसाई मिशनरी लगातार भोले-भाले हिंदू परिवारों को लालच देकर धर्मांतरण के प्रयास कर रहे हैं।

विहिप-बजरंग दल का कहना है कि जिले में यह मामला नया नहीं है। इससे पहले भी डौंडी, डौंडीलोहारा, अर्जुन्दा, गुरूर और दल्ली राजहरा जैसे इलाकों में इस तरह की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
जिला अध्यक्ष बलराम गुप्ता ने पुलिस अधीक्षक बालोद से कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं जिला संगठन का कहना है कि मिशनरी के लोग घरों को ही चर्च का रूप देकर मतांतरण का खेल खेल रहे हैं। हाल ही में माहुद बी क्षेत्र में भी एक घर की दीवार पर चर्च का नाम लिखा हुआ मिला, जिसे गंभीर मामला बताया जा रहा है।

आज की कार्रवाई में बजरंग दल जिला सह संयोजक स्वप्निल शर्मा, प्रखंड संयोजक पंकज साहू, चंदन पटेल, वीरेंद्र कुमार, हिमांशु महोबिया सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल रहे। इस दौरान मंडल अध्यक्ष युवराज मार्कण्डेय, जिला कार्यकारिणी सदस्य सौरभ चोपड़ा, मुकेश साहू, फतिप साहू समेत विहिप-बजरंग दल के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।




















