प्रदेश रूचि

रात में रायपुर, सुबह कांकेर — नई जिम्मेदारी संभालते ही एक्शन मोड में यशवंत जैन

बालोद के सपूत यशवंत जैन को प्रदेश भाजपा में महामंत्री की जिम्मेदारी, रायपुर में शीर्ष नेतृत्व से की आत्मीय मुलाकात

बालोद। बालोद की धरती ने एक बार फिर राजनीति में अपनी मजबूत पहचान दर्ज कराई है। जिले के कद्दावर भाजपा नेता यशवंत जैन को प्रदेश भाजपा संगठन में महामंत्री जैसे महत्वपूर्ण और प्रतिष्ठित पद की जिम्मेदारी मिलने के बाद जिलेभर में उत्साह और गर्व की लहर दौड़ गई है। कार्यकर्ताओं और समर्थकों में इसे पार्टी की ओर से उनके लंबे राजनीतिक अनुभव और अटूट निष्ठा का सम्मान माना जा रहा है।

दिनभर उनके निवास पर बधाई देने वालों का सिलसिला अनवरत चलता रहा। शाम ढलते-ढलते जैन रायपुर रवाना हुए, जहां उन्होंने प्रदेश के शीर्ष नेताओं से भेंट कर इस विश्वास और भरोसे के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया।

शीर्ष नेतृत्व से आत्मीय भेंट

रायपुर पहुंचकर यशवंत जैन ने सबसे पहले मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव से मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री एवं वर्तमान विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से आशीर्वाद प्राप्त किया। डॉ. सिंह ने उन्हें नई जिम्मेदारी के लिए बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं।

 

इसके पश्चात लोक निर्माण एवं नगरीय निकाय मंत्री अरुण साव से भी आत्मीय भेंट हुई। अरुण साव, जो उनके राजनीतिक मार्गदर्शक और करीबी माने जाते हैं, से जैन ने संगठन में मिले इस अवसर के लिए आभार प्रकट किया। इस मुलाकात के दौरान पुरानी यादें और भविष्य की योजनाएं दोनों साझा हुईं।

यही नहीं, भाजपा के संगठन महामंत्री पवन साय से भी उन्होंने भेंट की। पवन साय ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि “आपकी कर्मठता और समर्पण निश्चित ही संगठन को नई ऊर्जा देगा।”

बालोद से रायपुर तक… और फिर कांकेर के लिए रवाना

रायपुर में मुलाकातों का यह क्रम देर रात तक चलता रहा। भाजपा जिलाध्यक्ष चेमन देशमुख, अल्पसंख्यक मोर्चा के प्रदेश महामंत्री शाहिद खान, जिला महामंत्री सौरभ लूनिया, वरिष्ठ नेता राकेश यादव, राजा दीवान, रवि प्रकाश पांडे, सुरेंद्र देशमुख सहित कई नेताओं ने उनके साथ शीर्ष नेतृत्व से मुलाकात की। और करीब रात 2 बजे यह सिलसिला समाप्त हुआ और साढ़े 3 बजे तक वे बालोद लौट आए। लेकिन विश्राम करने के बजाय, नए दायित्व की गंभीरता को समझते हुए वे सुबह ही अपने संगठन प्रभार वाले कांकेर जिले के लिए रवाना हो गए। वहां उन्होंने भारत विभाजन विभीषिका दिवस कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी की।

कर्तव्यनिष्ठा का अद्भुत उदाहरण

देर रात लौटने के बावजूद सुबह-सुबह संगठन कार्य के लिए निकल जाना, यशवंत जैन की कार्यशैली और पार्टी के प्रति समर्पण को स्पष्ट करता है। यही वह निष्ठा है, जिसने उन्हें भाजपा में इतना अहम स्थान दिलाया है।

जिले के राजनीतिक जानकारों का मानना है कि उनकी नियुक्ति से न केवल बालोद, बल्कि कांकेर और आस-पास के जिलों में भी भाजपा संगठन को नई गति और मजबूती मिलेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!