बालोद। अंतागढ़ से रायपुर के बीच चलने वाली डेमो ट्रेन इन दिनों यात्रियों के लिए राहत नहीं, बल्कि परेशानी का कारण बन गई है। प्रतिदिन इस ट्रेन में इतनी भीड़ रहती है कि यात्रियों को पैर रखने तक की जगह नसीब नहीं होती। कई बार यात्रियों को दरवाजों पर लटककर यात्रा करनी पड़ती है, जो बेहद खतरनाक स्थिति है।

हर बोगी में ठसाठस भीड़, यात्रियों की सांसें भी घुटती हैं
डेमो ट्रेन की प्रत्येक बोगी में रोजाना इस कदर भीड़ उमड़ती है कि यात्रियों को खड़े रहने में भी परेशानी होती है। न तो बैठने की जगह मिलती है और न ही पर्याप्त हवा। कई यात्रियों को ट्रेन के फुटबोर्ड पर खड़े होकर सफर करना पड़ता है, जिससे जान जोखिम में पड़ जाती है।
जिम्मेदार मौन, यात्री परेशान
लंबे समय से यात्री ट्रेन में बोगियों की संख्या बढ़ाने की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक रेलवे प्रशासन की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं की गई है। यात्रियों का कहना है कि इतनी अधिक भीड़ के बावजूद कोच की संख्या जस की तस बनी हुई है, जिससे आम लोगों को यात्रा के दौरान भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है।
बालोद स्टेशन पर नहीं मिलती सीट
अंतागढ़ से चलकर गुदुम, दल्लीराजहरा होते हुए बालोद पहुंचने तक ट्रेन पूरी तरह भर जाती है। बालोद, लाटाबोड़, सिकोसा और गुंडरदेही जैसे स्टेशनों पर तो यात्रियों की भीड़ और बढ़ जाती है। स्थिति यह है कि बालोद से ट्रेन पकड़ने वाले यात्रियों को सीट मिलना तो दूर, ट्रेन में चढ़ना भी मुश्किल होता है।
ट्रेन यात्रा ही क्यों है पहली पसंद?
दरअसल, बस से अंतागढ़ से रायपुर पहुंचने में करीब 200 रुपये का खर्च आता है और समय भी अधिक लगता है, जबकि ट्रेन में सफर मात्र 55 रुपये में हो जाता है और करीब 5 घंटे में यात्री रायपुर पहुंच जाते हैं। यही वजह है कि बड़ी संख्या में लोग डेमो ट्रेन को प्राथमिकता देते हैं।

एक अतिरिक्त ट्रेन की भी उठ रही मांग
स्थानीय नागरिकों व जनप्रतिनिधियों की ओर से बालोद को दुर्ग और रायपुर से जोड़ने के लिए एक अतिरिक्त यात्री ट्रेन शुरू करने की मांग भी वर्षों से उठाई जा रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। आम जनता अब केंद्र सरकार और रेलवे मंत्रालय से शीघ्र कार्यवाही की अपेक्षा कर रही है।
यात्रियों की अपेक्षा
डेमो ट्रेन में यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे प्रशासन को तत्काल अतिरिक्त बोगियां जोड़नी चाहिए।
बालोद से रायपुर/दुर्ग के लिए एक नई ट्रेन का विस्तार करना यात्रियों की सुविधा के लिए अनिवार्य है।




















