
बालोद। चैत्र नवरात्र की तैयारी जिले के देवी मंदिरों में युध्द स्तर पर चल रही है। वहीं जिले के सबसे बड़े धार्मिक स्थल मां गंगा मैया मंदिर सहित सिया देवी, कंकालिन व रानी माई सहित अन्य मन्दिरों में रंग-रोगन के साथ ज्योति स्थापना की तैयारी की जा रही हैं। इस बार चैत्र नवरात्र 09 अप्रैल से प्रारभ हो रही हैं।गंगा मैया झलमला में चैत्र नवरात्रि महोत्सव का शुभारंभ 09 अप्रैल को दोपहर 12 बजे 900 ज्योति कलशों की स्थापना के साथ होगा। प्रतिदिन सुबह 7 बजे से वृन्दावन के आचार्य ओमप्रकाश शास्त्री एवं सहयोगी पंडितों द्वारा शतचण्डी यज्ञ एवं दुर्गासप्तशती सस्वर पाठ आयोजित है। मंदिर समिति द्वारा बताया गया कि अन्य कार्यक्रम में माता सेवा गायन स्पर्धा 09 अप्रैल से 12 अप्रैल तक होगा। जिसमें प्रत्येक दिन दो मंडलियों प्रस्तुति देंगी।
09 अप्रैल से संध्या 4:30 बजे से 6:00 बजे तक जय माँ अम्बे सेवा भजन मंडली पिरीद, रात्रि 8 से 9:30 तक जय शीतला सेवा भजन मंडली पोण्डी, 10 अप्रैल को 4:30 से 6 बजे तक जय माँ साहसपुरहिन सेवा मंडली चिल्हाटीकला, रात्रि 8 से 9:30 तक मां दुर्गा युवा सेवा भजन मंडली राधो नवागांव, 11 अप्रैल को 4:30 से 6 बजे तक जय शीतला मइया सेवा भजन मंडली बेलमांड, रात्रि 8 से 9:30 तक जय शीतला सेवा भजन मंडली भेड़िया नवागांव तथा 12 अप्रैल को 4:30 से 6 बजे तक जस जगराता सेवा भजन मंडली चारवाही, रात्रि 8 से 9:30 बजे तक जय माँ शताक्षी सेवा भजन मंडली जगन्नाथपुर की प्रस्तुति होगी। इस स्पर्धा में प्रथम पुरस्कार 5 हजार , द्वितीय 3 हजार एवं तृतीय 2 हजार नगद राशि दी जायेगी। भजन में 500 रुपए का पुरस्कार भी दिया जायेगा।13 से 15 तक रामधुनी व कीर्तन का आयोजन होगा 13 अप्रैल से 15 अप्रैल तक दोपहर 2:30 से 5 बजे तक रामधुनी, फाग एवं कीर्तन आयोजित है। 13 अप्रैल को जय सरस्वती संगम रामधुनी मंडली भर्तीगांव-गुरूर द्वारा सीताहरण प्रसंग पर प्रस्तुति होगी। 14 अप्रैल को आदर्श नवयुवक फाग परिवार, पड़की भाट मोखा द्वारा हिरण्य कश्यप वध प्रसंग पर फाग की प्रस्तुति होगी। 15 अप्रैल को जय जय गुरूदेव हरीकीर्तन एवं मानस परिवार, परसाकला गरियाबंद के कीर्तनकार संत रामशरण के श्रीमुख से जटायु मोक्ष प्रसंग पर हरीकीर्तन प्रस्तुत किया जायेगा। 17 अप्रैल को दोपहर 2 से 4:30 बजे तक विशेष प्रस्तुति के रूप में नवा अंजोर नाट्य संस्था, बोरी गारका उतई द्वारा नाटक की प्रस्तुति होगी।