बालोद-छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत सभी अनियमित, संविदा एवं जीवनदीप समिति में कार्यरत कर्मचारी अपनी 24 सूत्रीय मांगों को लेकर नया बस स्टैंड स्थित टेक्सी स्टैंड में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठ गए है। स्वास्थ्य कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन आंदोलन में जाने से जिला अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, हेल्थ एंड वेलनेस सेंटरों में स्वास्थ्य सेवाएं ठप हो गई। पहले से ही जिला अस्पताल के लगभग 109 संविदा कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। मंगलवार से जिले के लगभग 400 स्वास्थ्य कर्मचारी छत्तीसगढ़ प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ रायपुर के प्रांतीय आह्वान पर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए है। स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि स्वास्थ्य कर्मचारी व स्टाफ नर्सों की हड़ताल से होने वाली परेशानियों को कुछ हद तक कम करने नर्सिंग छात्र-छात्राओं का सहयोग लिया जा रहा हैं।
स्वास्थ्य कर्मचारियों की क्या है सरकार से मांग
प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ बालोद के जिला अध्यक्ष रमेश कुमार सोनबोईर ने बताया कि कर्मचारियों की वेतन विसंगति दूर करने समिती बनाकर वेतन सुधार का प्रस्ताव सरकार को भेजा गया है. उसे तत्काल मंजूरी देकर लागू किया जाए. नर्सिंग ड्रेस धुलाई भत्ता, नाईट ड्यूटी भत्ता, कर्मचारी वर्दी भत्ता, सभी क्लिनिकल स्टाफ को जोखिम भत्ता और केंद्र के समान समस्त भत्ते प्रदान किया जाए. अभी की जा रही नियमित भर्तियों के पहले राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, स्वास्थ्य विभाग, चिकित्सा शिक्षा विभाग, आयुष विभाग, जीवन दीप समिती, डी.एम.एफ. अंतर्गत काम करने वाले सभी संविदा और अनियमित कर्मचारियों का नियमितीकरण किया जाए।
प्रमोशन नहीं करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
इसके अलावा स्वास्थ्य कर्मचारी संघ ने सरकार से मांग की है कि संचालनालय चिकित्सा शिक्षा स्तर पर क्लर्क और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की वरिष्ठता सूचि बनाकर पात्रों को प्रमोशन किया जाए. अस्पताल के तृतीय – चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को उनके जिले में 1500 वर्गफीट भूखंड आबंटित कराया जाए. समय पर समयमान वेतन और पदोन्नति का लाभ नहीं देने वाले अधिकारियों पर कड़ी कार्यवाही की जाए और भविष्य में उन्हें खाली पद के लिए भी अयोग्य घोषित किया जाए. वहीं स्वास्थ्य कर्मचारी संघ ने ये भी मांग रखी है कि स्टाफ नर्स का पदनाम नर्सिंग ऑफिसर, नर्सिंग सिस्टर का पदनाम सीनियर नर्सिंग ऑफिसर, रेडियोग्राफर का पदनाम रेडियोलॉजी ऑफिसर, रेडियोथेरेपी टेक्नीशियन का पदनाम रेडियोथेरेपी ऑफिसर, डार्क रूम असिस्टेंट का पदनाम सहायक रेडियोलॉजि ऑफिसर, फार्मासिस्ट ग्रेड-2 का पदनाम फार्मेसी ऑफिसर, ड्रेसर का ओर्थोपेडिक टेक्निशियन करने की भी मांग सरकार के सामने रखी है.
नियमितीकरण और 62 वर्ष सेवा की गारंटी मिले
प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ बालोद के जिला अध्यक्ष रमेश कुमार सोनबोईर ने बताया कि नियमित कर्मचारियों की वेतन विसंगति, संविदा कर्मचारियों का नियमितीकरण, 62 वर्ष की सेवा गारंटी, डीएमएफ एवं जीवनदीप में कार्यरत कर्मचारियों को कलेक्टर दर से वेतन भुगतान करने की मांग के साथ स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत सभी कर्मचारियों को पुलिस विभाग की तरह वर्ष में 13 माह का वेतन एवं अन्य मांगों को लेकर छत्तीसगढ़ के 65 हजार से अधिक स्वास्थ्य कर्मचारी आंदोलन पर है। संविदा में कार्यरत स्वास्थ्य कर्मचारी 3 जुलाई से आंदोलन का शंखनाद कर चुके हैं।