धमतरी…..यूं तो थाना प्रभारियों के पास अपने थाना क्षेत्र को लेकर बड़ी जिम्मेदारी होती है…बात चाहे थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाये रखने की हो या फिर इलाके में शांति व्यवस्था कायम रखने की…या फिर क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था से लेकर तमाम तरह की अवैध गतिविधियों पर नजर बनाये रखने की हो…इतने व्यस्तम दिनचर्या के बाद भी एक थाना प्रभारी अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभाता है…लेकिन इन सब के बीच मेचका थाना प्रभारी शरद ताम्रकार आज राह चलते बच्चों के लिए जो किया वो किसी फरिश्ते से कम नहीं…जानकर आप भी मेचका थाना प्रभारी के मुरीद हो जाएंगे…दरअसल हुआ यूं की मेचका थाना के सामने 4 लड़के और एक बच्चा जंगल के बीच नगरी से मैनपुर मार्ग पर पैदल चल रहे थे…तभी अतिसंवेदनशील नक्सल प्रभावित क्षेत्र के मेचका टीआई की नजर लड़को पर पड़ी… उन्होंने बच्चों पूछा कि पैदल कहाँ जा रहे हो…तब लड़को ने बताया कि वे सभी लोग गरियाबंद के ढोलसरई शादी कार्यक्रम से वापस अपने घर सांकरा,सिंघनपुर लौट रहे हैं…और पैसे नहीं होने के चलते बस या टैक्सी में ना जाकर तेज धूप और भीषण गर्मी के बीच पैदल चलने को मजबूर है…बस फिर क्या था इतना देख,और सुनकर इंस्पेक्टर का दिल पसीज गया और बच्चों का तकलीफ देखा नहीं गया…और फिर तत्काल बिस्किट मंगवाकर सभी को खिलाया ,पानी पिलाया और फिर थाना के वाहन से सभी को सांकरा, सिंघनपुर उनके घर पहुँचाया…यकीनन मेचका थाना प्रभारी के जनमानस की सेवा भावना से पुलिस और जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा… इधर पुलिस की इस सराहनीय पहल का लड़के और उसके परिजन सहित हर कोई सराहना कर रहे हैं… और जिसके लिए लड़को ने प्रभारी को सादर धन्यवाद भी ज्ञापित किए…