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लचर धान खरीदी व्यवस्था पर कांग्रेस का हमला, 13 हजार किसान अब भी परेशान,धान खरीदी की तिथि बढ़ाने की मांग, आंदोलन की चेतावनी

बालोद।बालोद जिले में धान खरीदी की अव्यवस्थित व्यवस्था और खरीदी की अंतिम तिथि न बढ़ाए जाने को लेकर कांग्रेस ने शनिवार को स्थानीय राजीव भवन में प्रेसवार्ता कर राज्य सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। प्रेसवार्ता में कांग्रेस नेताओं ने धान खरीदी व्यवस्था को पूरी तरह चरमराई हुई बताते हुए किसानों के साथ अन्याय का आरोप लगाया।

बालोद जिला कांग्रेस अध्यक्ष चंद्रेश हिरवानी ने कहा कि धान खरीदी समाप्त होने में अब मात्र पांच दिन शेष हैं, लेकिन जिले में आज भी 13 हजार से अधिक किसान अपना धान नहीं बेच पाए हैं। कई सहकारी समितियों में खरीदी की सीमा घटाकर केवल एक क्विंटल कर दी गई है, वहीं जिन किसानों का सत्यापन पूर्ण हो चुका है, उनके दूसरे और तीसरे टोकन तक नहीं काटे जा रहे हैं। कुछ केंद्रों में तो पूरी तरह धान खरीदी बंद कर दी गई है।

धान खरीदी के नाम पर अवैध वसूली का आरोप

प्रेसवार्ता में चंद्रेश हिरवानी ने आरोप लगाया कि धान खरीदी के नाम पर किसानों से अवैध रूप से पैसे मांगे जा रहे हैं। डौंडी ब्लॉक में इसी तरह के एक मामले में आरईओ को निलंबित किया जाना इस बात का प्रमाण है कि व्यवस्था किस कदर बदहाल है। उन्होंने कहा कि धान खरीदी को लेकर अब केवल कांग्रेस ही नहीं, बल्कि भाजपा से जुड़े किसान और नेता भी परेशान हैं। हाल ही में भाजपाई किसानों द्वारा कलेक्टर से मुलाकात करना इस बात को साफ दर्शाता है कि जमीनी स्तर पर हालात बेहद गंभीर हैं।

गलत गिरदावरी से किसानों को भारी नुकसान

विधायक संगीता सिन्हा ने गिरदावरी में भारी गड़बड़ी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि लिमोरा, मुजगहन सहित कई गांवों में किसानों का रकबा कम दर्ज कर दिया गया है। इसके कारण किसान धान बेचने से वंचित हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि कुछ किसान न्याय के लिए हाईकोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं।


विधायक संगीता सिन्हा ने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ में सबसे अधिक रकबा समर्पण बालोद जिले में कराया गया है। करीब एक लाख 20 हजार से अधिक किसानों से कथित तौर पर जबरन रकबा समर्पण कराया गया है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर सरकार किसानों के साथ ऐसा व्यवहार क्यों कर रही है?

900 बोरा धान से भरा ट्रक चार दिन तक रहा लापता
विधायक ने धान परिवहन व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने बताया कि कोडेवा धान खरीदी केंद्र से मलिघोरी संग्रहण केंद्र के लिए रवाना हुआ 900 बोरा धान से भरा ट्रक चार दिनों तक लापता रहा और बाद में बड्भूम के जंगल में लावारिस हालत में मिला। जबकि सरकार दावा करती है कि सभी गाड़ियों में जीपीएस सिस्टम लगे हुए हैं।

आंदोलन की चेतावनी
जिला कांग्रेस कमेटी ने मांग की कि धान खरीदी व्यवस्था को तत्काल दुरुस्त किया जाए और धान खरीदी की तिथि बढ़ाई जाए। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो कांग्रेस उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी

प्रेसवार्ता के दौरान ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष नरेंद्र सिन्हा, शहर कांग्रेस अध्यक्ष अंचल प्रकाश साहू, रामजी भाई पटेल, विधायक प्रतिनिधि कमलेश श्रीवास्तव, दाऊद खान, आदित्य दुबे, देवेंद्र साहू सहित अन्य कांग्रेस नेता उपस्थित रहे।

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