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सुशासन तिहार के बीच बालोद में बिजली विभाग की पोल खुली

बिजली गई… कॉल भी बंद! बालोद में बिजली विभाग की लापरवाही ने बढ़ाई आम लोगों की परेशान

बालोद। चिलचिलाती गर्मी में बिजली की आंख मिचौली लोगों की नींद और चैन दोनों छीन रही है। दिन में जब तापमान 43 डिग्री के पार पहुंचता है या रात में लोग गहरी नींद में होते हैं, अचानक बिना किसी पूर्व सूचना के बिजली गुल हो जाती है। इस असुविधा के बीच बिजली विभाग ने तकनीकी समस्याओं की सूचना देने के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है, लेकिन जब इस नंबर पर ही कॉल नहीं लगे तो आम नागरिक आखिर कितनी बार बिजली विभाग के चक्कर लगाएंगे?

फोन भी ‘स्विच ऑफ’ और ‘बिजी’!

प्रारंभिक जांच में पाया गया कि विभाग द्वारा जारी किए गए लैंडलाइन नंबर 07749 222022 और मोबाइल नंबर 6269506921 पर लंबे समय तक कॉल करने के बाद एक में ‘स्विच ऑफ’ की सूचना मिली और दूसरे में लगातार ‘बिजी टोन’ सुनाई दी। जब प्रदेशरुचि के संवाददाता ने मौके पर पहुंचकर शिकायत शाखा में मौजूद ड्यूटी कर्मचारी से इस बारे में सवाल किया तो वह घबराते हुए तत्काल लैंडलाइन रिसीवर को ठीक करने में जुट गया। पूछने पर जवाब मिला – “कोई गलती से रिसीवर नीचे रख गया होगा।”

सुशासन तिहार में लापरवाही की पोल

प्रदेश में इन दिनों ‘सुशासन तिहार’ मनाया जा रहा है, जहां खुद मुख्यमंत्री और वरिष्ठ अधिकारी आम जनता की समस्याएं सुन रहे हैं। लेकिन बालोद जिला मुख्यालय स्थित बिजली विभाग की हालत इससे उलट है – यहाँ अधिकारी समस्याएं सुनने की बजाय आम लोगों की पीड़ा की अनदेखी कर रहे हैं।

अधिकारी ने दिया ये जवाब

जब इस मामले पर कार्यपालन अभियंता श्री एस.के. बंद से बातचीत की गई, तो उन्होंने एक वैकल्पिक शिकायत नंबर 6232945233 उपलब्ध कराया और अपील की कि लैंडलाइन न लगने की स्थिति में इस नंबर पर संपर्क करें। उन्होंने लैंडलाइन रिसीवर नीचे रखे जाने और आम जनता को हुई असुविधा पर खेद व्यक्त करते हुए संबंधित कर्मचारियों को फटकार लगाई। साथ ही आश्वासन दिया कि आगे से इस तरह की लापरवाही पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

बालोद जिले में बिजली से जुड़ी समस्याएं अब केवल तकनीकी नहीं, बल्कि जवाबदेही और जनसंपर्क की भी बन चुकी हैं। विभागीय लापरवाही आम जनता को सीधे प्रभावित कर रही है। उम्मीद है कि प्रदेशभर में चल रही सुशासन की मुहिम के तहत ऐसे मामलों में भी समय रहते ठोस कदम उठाए जाएंगे।

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