बीता वक्त लौटकर तो नहीं आया, मगर 2005 बैच के साथियों के मिलन ने स्कूल के सुनहरे दिनों को फिर जिंदा कर दिया
बालोद। कुछ रिश्ते वक्त के साथ दूर जरूर हो जाते हैं, लेकिन यादों की किताब में उनकी जगह कभी कम नहीं होती। स्कूल की कक्षाओं, दोस्तों की शरारतों और साथ बिताए बचपन के वे अनमोल पल वर्षों बाद फिर जीवंत हो उठे, जब डौंडीलोहारा ब्लॉक के दुधली स्कूल के वर्ष 2005 बैच के पूर्व छात्र-छात्राएं…













