निरीक्षण के दौरान विद्यालय परिसर में शासन की विभिन्न योजनाओं, अभियानों एवं जनजागरूकता कार्यक्रमों से संबंधित अपेक्षित फोटो, सूचना एवं प्रचार-प्रसार सामग्री का पर्याप्त प्रदर्शन नहीं होने की बात सामने आई। इस पर जिला शिक्षा अधिकारी ने विद्यालय प्रबंधन से जानकारी ली और आवश्यक सामग्री को निर्धारित एवं उपयुक्त स्थानों पर व्यवस्थित रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश दिए।

सेवा संकल्प अभियान के पालन में भी मिली कमी
निरीक्षण के दौरान सेवा संकल्प अभियान के क्रियान्वयन को लेकर भी अपेक्षित स्थिति नहीं मिलने पर डीईओ ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन को निर्देशित किया कि शासन द्वारा संचालित अभियानों को केवल औपचारिकता तक सीमित न रखा जाए, बल्कि उनके उद्देश्यों और निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप विद्यालय में प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि शासन की योजनाओं एवं अभियानों की जानकारी विद्यार्थियों और अभिभावकों तक प्रभावी ढंग से पहुंचे, इसके लिए आवश्यक सूचना एवं प्रचार सामग्री को व्यवस्थित रूप से प्रदर्शित किया जाना चाहिए।
कार्यालय कक्ष की व्यवस्थाओं को लेकर भी हुई चर्चा
निरीक्षण के दौरान कार्यालय कक्ष में प्रदर्शित सामग्री को लेकर भी चर्चा हुई। इस दौरान डीईओ ने विद्यालय प्रबंधन को ऐसी व्यवस्थाओं के संबंध में आवश्यक मौखिक निर्देश दिए, जिनका अनुपालन शासन के निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप किया जाना अपेक्षित है।
उन्होंने कार्यालय एवं विद्यालय परिसर में प्रदर्शित सामग्री और सूचनाओं को निर्धारित व्यवस्थाओं के अनुरूप व्यवस्थित रखने तथा विद्यालय के प्रशासनिक वातावरण को शासन के दिशा-निर्देशों के अनुरूप बनाए रखने पर जोर दिया।

निर्देशों के पालन में लापरवाही नहीं हो
जिला शिक्षा अधिकारी दीपक दुबे ने विद्यालय प्रबंधन को स्पष्ट किया कि शिक्षा विभाग एवं शासन द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों को गंभीरता से लिया जाए। विद्यालय में संचालित योजनाओं, अभियानों एवं जनजागरूकता कार्यक्रमों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए तथा निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों को दूर किया जाए।
आकस्मिक निरीक्षण के दौरान डीईओ ने विद्यालय की विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए प्रबंधन को कमियों में सुधार, आवश्यक सूचनाओं के व्यवस्थित प्रदर्शन और शासन के निर्देशों के अनुरूप कार्य करने पर विशेष जोर दिया।
डीईओ के अचानक निरीक्षण से विद्यालय प्रबंधन में हलचल रही। निरीक्षण के दौरान सामने आई कमियों को लेकर दिए गए निर्देशों के बाद अब विद्यालय स्तर पर व्यवस्थाओं में सुधार और शासन के निर्देशों के अनुपालन पर विशेष ध्यान दिए जाने की उम्मीद है।













