बालोद,। गणेश उत्सव के दौरान पूजा पंडालों, चलित झांकियों और मेलों में बिजली की जरूरत को देखते हुए छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (सीएसपीडीसीएल) ने अस्थाई विद्युत कनेक्शन की व्यवस्था की है। दुर्ग क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक शिरीष सेलट ने दुर्ग, बालोद और बेमेतरा जिले के मैदानी अधिकारियों को गणेश उत्सव समितियों के पंडालों के लिए त्वरित अस्थाई (टीसी) कनेक्शन जारी करने के निर्देश दिए हैं।
विद्युत कंपनी ने आयोजकों से अपील की है कि वे पूजा पंडालों और मेलों के लिए संबंधित वितरण केंद्र से अनुमति लेकर वैध अस्थाई विद्युत कनेक्शन ही लें। कंपनी के अनुसार कई स्थानों पर अनधिकृत रूप से बिजली लाइन में हुकिंग कर बिजली का उपयोग किया जाता है। इससे करंट लगने, आगजनी और ट्रांसफॉर्मर सहित विद्युत उपकरणों के क्षतिग्रस्त होने जैसी घटनाओं का खतरा रहता है। अनधिकृत विद्युत उपयोग को बिजली चोरी की श्रेणी में माना जाता है।
पंडालों की होगी औचक जांच
बिजली चोरी रोकने के लिए गठित सतर्कता टीमों द्वारा दुर्ग क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले तीनों जिलों में स्थापित गणेश पंडालों की औचक जांच की जाएगी। जांच के दौरान आयोजकों को विद्युत कंपनी से जारी प्राधिकार पत्र प्रस्तुत करना होगा। व्यवस्था को आसान बनाने के लिए प्राधिकार पत्र को पंडाल में लगे विद्युत मीटर के पास चस्पा करने के निर्देश दिए गए हैं। इससे मौके पर ही कनेक्शन के वैध होने की पुष्टि की जा सकेगी।
कंपनी ने आयोजकों को सलाह दी है कि कनेक्शन के लिए आवेदन करने से पहले संबंधित वितरण केंद्र के अधिकारियों से पंडाल में आवश्यक विद्युत भार का सही आकलन करा लें। निर्धारित लोड के अनुसार आवेदन करने से ट्रांसफॉर्मर की क्षमता पर अनावश्यक दबाव नहीं पड़ेगा और उत्सव की अवधि में विद्युत आपूर्ति सुचारु बनाए रखने में मदद मिलेगी।
वायरिंग में सुरक्षा का रखें ध्यान
पंडालों में विद्युत वायरिंग अधिकृत इलेक्ट्रीशियन से ही कराने पर जोर दिया गया है। वायरिंग में उचित अर्थिंग की व्यवस्था होनी चाहिए और अनावश्यक जोड़ से बचना चाहिए। जहां जोड़ आवश्यक हो, वहां उसे सुरक्षित तरीके से टेप से कवर किया जाना जरूरी है।
विद्युत कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया है कि धार्मिक और सामाजिक आयोजनों के लिए दिए जाने वाले अस्थाई कनेक्शन का उपयोग व्यावसायिक गतिविधियों के लिए नहीं किया जा सकता। निर्धारित भार से अधिक बिजली का उपयोग करने से विद्युत व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है और लो-वोल्टेज जैसी समस्या उत्पन्न होने के साथ नियमित विद्युत आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। कंपनी ने गणेश उत्सव समितियों से सुरक्षित विद्युत व्यवस्था के लिए समय रहते वैध अस्थाई कनेक्शन लेने और पंडालों में बिजली से जुड़े सभी सुरक्षा मानकों का पालन करने की अपील की है।













