राज्य सरकार के बड़े प्रशासनिक फेरबदल में मिली नई जिम्मेदारी, निवर्तमान एसपी योगेश कुमार पटेल का सूरजपुर तबादला, अब नए नेतृत्व से बढ़ीं उम्मीदें
बालोद(संतोष साहू)राज्य सरकार द्वारा भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारियों के तबादलों की जारी सूची में 2018 बैच के आईपीएस अधिकारी किरण गंगाराम चव्हाण को सुकमा के पुलिस अधीक्षक (SP) पद से स्थानांतरित कर बालोद जिले का नया पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है। वे शीघ्र ही पदभार ग्रहण कर जिले की कानून-व्यवस्था की कमान संभालेंगे। वहीं, बालोद के वर्तमान पुलिस अधीक्षक योगेश कुमार पटेल का तबादला सूरजपुर जिले में कर दिया गया है। इस प्रशासनिक बदलाव को पुलिस विभाग के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
किरण गंगाराम चव्हाण युवा, ऊर्जावान और जमीनी स्तर पर काम करने वाले अधिकारियों में गिने जाते हैं। नक्सल प्रभावित सुकमा जैसे चुनौतीपूर्ण जिले में सफल नेतृत्व देने के बाद अब उन्हें बालोद जैसे अपेक्षाकृत शांत, लेकिन कानून-व्यवस्था की दृष्टि से संवेदनशील जिले की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनसे जिले में अपराध नियंत्रण, पुलिसिंग को और प्रभावी बनाने तथा जनता के साथ बेहतर संवाद स्थापित करने की अपेक्षा की जा रही है।
इंजीनियर से आईपीएस बनने तक का सफर
महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले के एक साधारण किसान परिवार में जन्मे किरण गंगाराम चव्हाण का जन्म 20 अगस्त 1993 को हुआ। उन्होंने इंजीनियरिंग (बी.ई.) की पढ़ाई पूरी करने के बाद सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी की और वर्ष 2018 में यूपीएससी परीक्षा उत्तीर्ण कर भारतीय पुलिस सेवा में चयनित हुए। उन्हें छत्तीसगढ़ कैडर आवंटित किया गया। प्रशिक्षण के बाद उन्होंने विभिन्न जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए अपनी कार्यकुशलता का परिचय दिया। वर्ष 2022 में वे अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ऑपरेशन), सुकमा बने और वर्ष 2023 में उन्हें सुकमा का पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया।
सुकमा में बनाई अलग पहचान
सुकमा में पदस्थापना के दौरान किरण चव्हाण ने नक्सल विरोधी अभियानों, सामुदायिक पुलिसिंग, सुरक्षा बलों के बेहतर समन्वय और स्थानीय लोगों के बीच विश्वास निर्माण की दिशा में उल्लेखनीय कार्य किए। चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में उनकी शांत, रणनीतिक और परिणामोन्मुख कार्यशैली की सराहना की गई। इसी अनुभव के आधार पर अब उन्हें बालोद की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

विस्तृत प्रोफाइल
किरण गंगाराम चव्हाण, भारतीय पुलिस सेवा के वर्ष 2018 बैच के अधिकारी हैं और वर्तमान में छत्तीसगढ़ कैडर से जुड़े हुए हैं। उनका जन्म 20 अगस्त 1993 को महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले में एक साधारण किसान परिवार में हुआ। प्रारंभिक शिक्षा के बाद उन्होंने इंजीनियरिंग (बी.ई.) की पढ़ाई पूरी की और इसके पश्चात सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी शुरू की। कड़ी मेहनत और लगन के बल पर उन्होंने वर्ष 2018 में यूपीएससी परीक्षा उत्तीर्ण कर आईपीएस सेवा में स्थान प्राप्त किया। सेवा के दौरान उन्होंने विभिन्न जिलों में अपनी कार्यकुशलता और सक्रियता का परिचय दिया है। सुकमा जिले में पुलिस अधीक्षक के रूप में कार्य करते हुए उन्होंने नक्सल प्रभावित क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अब उन्हें बालोद जिले का पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है, जहां उनसे कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने और अपराध नियंत्रण में प्रभावी कदम उठाने की अपेक्षा की जा रही है।
बालोद में रहेंगी कई अहम चुनौतियां
बालोद जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ जुआ, सट्टा, अवैध शराब, मादक पदार्थों की तस्करी, साइबर अपराध, सड़क सुरक्षा तथा पुलिस-जन संवाद को मजबूत करना नए पुलिस अधीक्षक की प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा। इसके अलावा महिला सुरक्षा, ग्रामीण क्षेत्रों में प्रभावी पुलिसिंग तथा अपराधों पर त्वरित कार्रवाई को लेकर भी जिलेवासियों की अपेक्षाएं बढ़ गई हैं।
योगेश कुमार पटेल के कार्यकाल की रही अलग पहचान
निवर्तमान पुलिस अधीक्षक योगेश कुमार पटेल ने अपने कार्यकाल में जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने, सड़क सुरक्षा अभियान, साइबर अपराधों के प्रति जनजागरूकता, नशे के विरुद्ध कार्रवाई तथा सामुदायिक पुलिसिंग को बढ़ावा देने की दिशा में कई महत्वपूर्ण पहल की। उनके नेतृत्व में कई चर्चित मामलों का खुलासा हुआ और पुलिस-जन संवाद को मजबूत करने के प्रयास किए गए। शांत, संवेदनशील और अनुशासित कार्यशैली के कारण उन्होंने जिले में अपनी अलग पहचान बनाई। अब उनके सूरजपुर स्थानांतरण के बाद बालोद पुलिस को नया नेतृत्व मिलने जा रहा है।
जिलेवासियों की बढ़ीं उम्मीदें
बालोद जिले में नए पुलिस अधीक्षक की नियुक्ति को लेकर प्रशासनिक और सामाजिक हलकों में सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। जिलेवासियों को उम्मीद है कि किरण गंगाराम चव्हाण के नेतृत्व में पुलिस व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी, अपराध नियंत्रण को नई गति मिलेगी तथा पुलिस और आम जनता के बीच विश्वास एवं समन्वय और मजबूत होगा। वहीं, निवर्तमान एसपी योगेश कुमार पटेल के कार्यकाल को भी जिले में सकारात्मक पुलिसिंग और प्रशासनिक संवेदनशीलता के लिए याद किया जाएगा।




















