जानकारी के अनुसार, दल्लीराजहरा कैंप-01 के शहरी क्षेत्र से महज आधा किलोमीटर दूर, मंदिर के ऊपर पहाड़ी रास्ते में भालुओं का जोड़ा नजर आया। रिहायशी इलाके के इतने करीब भालुओं के पहुंचने से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है और लोग सतर्कता बरत रहे हैं।

भालू दिखने की घटना के बाद दल्लीराजहरा क्षेत्र में यह सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बन गया है। कई लोग रिहायशी इलाके में भालू पहुंचने का कारण जंगलों की कटाई को मान रहे हैं। हालांकि, वन विभाग का कहना है कि गर्मी के दिनों में पानी की तलाश में वन्य प्राणी अक्सर जंगलों से बाहर निकलकर ग्रामीण और शहरी इलाकों की ओर आ जाते हैं। साथ ही इन दिनों महुआ का सीजन भी चल रहा है, जिसकी खुशबू भालुओं को आकर्षित करती है।

घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग का अमला मौके पर पहुंचा और भालुओं को सुरक्षित तरीके से जंगल की ओर खदेड़ने के प्रयास में जुट गया। विभाग ने क्षेत्रवासियों से सतर्क रहने और अकेले सुनसान इलाकों में न जाने की अपील की है। फिलहाल स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और इलाके में एहतियातन अलर्ट जारी कर दिया गया है।




















