ओडिशा के बालासोर में हुए दो पैसेंजर ट्रेनों और एक मालगाड़ी के बीच भीषण टक्कर के बाद 261 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई. वहीं लगभग 900 लोग घायल हुए हैं. अधिकारियों ने कहा कि हाल के वर्षों में देश की ये सबसे बड़ी रेल दुर्घटना है. हादसे के बाद इस रूट की करीब 100 ट्रेनों के परिचालन पर भी असर पड़ा है. 48 ट्रेनें कैंसिल की गई हैं, जबकि 39 रेल गाड़ियों के रूट बदले गए हैं.
PM @narendramodi chairs a high-level meeting to review the situation in relation to the #BalasoreTrainAccident pic.twitter.com/KqZubg93OU
— PIB India (@PIB_India) June 3, 2023
हादसे के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ओडिशा के बालासोर पहुंच गए हैं, जहां पर पीएम मोदी घटनास्थल का जायजा।लेकर अधिकारियो से चर्चा का आवश्यक निर्देश दिए वही पीएम मोदी यहाँ से कटक जाएंगे और अस्पताल में घायलों से मुलाकात करेंगे
Special train from Chennai – Bhadrak carrying family members of affected passengers#TrainAccident pic.twitter.com/Kmn3AnD8v5
— Southern Railway (@GMSRailway) June 3, 2023
ट्रैन हादसे के बाद आज सुबह से पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सहित तमाम मंत्री नेताओ का यहां पहुंचने का सिलसिला जारी रहा
वही मामले पर पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी स्थिति का जायजा लेने और अस्पतालों में घायलों से मिलने के लिए ओडिशा का दौरा किया है. इससे पहले ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक भी सुबह बालासोर पहुंचे और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के साथ स्थिति की समीक्षा की.
#WATCH | Odisha: Visuals from the site of #BalasoreTrainAccident where PM Modi has reached to take stock of the tragic accident that has left 261 people dead and over 900 people injured so far.#OdishaTrainAccident pic.twitter.com/fkcASxgZu1
— ANI (@ANI) June 3, 2023
भीषण टक्कर के करीब 18 घंटे बाद आज दोपहर रेलवे के प्रवक्ता अमिताभ शर्मा ने बताया कि इस ट्रेन हादसे के बाद बचाव अभियान का काम पूरा कर लिया गया है. साथ ही मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया है.
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि टक्कर शुक्रवार शाम करीब सात बजे हुई, जब बेंगलुरु से हावड़ा जा रही हावड़ा सुपरफास्ट एक्सप्रेस पटरी से उतर गई और कोलकाता से चेन्नई जाने वाली कोरोमंडल एक्सप्रेस में फंस गई.
दुर्घटना के बाद एक ट्रेन दूसरी ट्रेन से इतनी जोर से टकराई कि डिब्बे हवा में ऊंचे उठ गए, मुड़ गए और फिर पटरी से उतर गए. जिसमें कुचलकर कई लोगों की मौत हो गई. रेलवे अधिकारियों के अनुसार, दो ट्रेनों में 3,400 से अधिक यात्री सफर कर रहे थे.
रेल मंत्रालय ने दुर्घटना कैसे हुई, इसकी उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं. मंत्रालय ने मरने वालों के परिवारों के लिए 10 लाख रुपये और गंभीर रूप से घायल लोगों के लिए 2 लाख रुपये के मुआवजे की घोषणा की है. पीएम मोदी ने पीएम के राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से मृतकों के परिवार के लिए 2 लाख रुपये और घायलों के लिए 50,000 रुपये के मुआवजे की भी घोषणा की है.
दक्षिण पूर्व रेलवे के खड़गपुर डिवीजन में हावड़ा-चेन्नई मेन लाइन पर हुए हादसे के कारण 48 ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है और 39 को डायवर्ट किया गया है. वहीं 10 ट्रेनों को शॉर्ट टर्मिनेट किया गया है.
I request all the state governments and political parties to come forward and help the victims of the Odisha train accident. Congress workers are extending all possible help to the victims and their families.
I extend my heartfelt condolences to the bereaved families.
We have… pic.twitter.com/b6axf8N2CV
— Congress (@INCIndia) June 3, 2023
भारत में दुनिया के सबसे बड़े रेल नेटवर्क में से एक है और पिछले कुछ वर्षों में ऐसी कई आपदाएं देखी हैं. बिहार में 1981 में एक ट्रेन पुल पार करते समय पटरी से उतर गई और नीचे नदी में गिर गई, जिसमें 800 से 1,000 लोगों की मौत हुई थी.
ओडिशा ट्रेन दुर्घटना तीसरी सबसे बड़ी दुर्घटना है. 1995 में आगरा के पास फिरोजाबाद में दो एक्सप्रेस ट्रेनों की टक्कर हुई थी, जिसमें 300 से अधिक लोग मारे गए थे.