खरीदी केंद्रों में बिजली व्यवस्था के साथ चबूतरों का निर्माण पूरा
जिले में बीते एक माह से तैयारी चल रही थी। खरीदी केंद्रों में बिजली व्यवस्था के साथ ही चबूतरों का निर्माण पूरा कर लिया गया है। इसके साथ ही बारिश से बचाव के लिए तारपोलिन की भी खरीदी हो गई है। बारदाने की व्यवस्था में जिला विपणन कार्यालय जुटा हुआ है।जिला विपणन कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार वर्तमान में 8 हजार 979 गठान बारदाने उपलब्ध हैं। हालांकि 26 हजार गठन बारदाने खरीदी के लिए लगेंग। एक गठान में पांच सौ बारदाने होते हैं आवश्यकतानुसार सभी खरीदी को इसका वितरण किया जा रहा है। शुरुआत में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी,
इस बार धान खरीदी की दर में हुई वृध्दि
इस बार धान खरीदी की दर में वृद्धि हुई है। पिछले साल मोटा धान 1,868 रुपये और पतला धान 1,868 रुपए प्रति क्विंटल था। इस वर्ष मोटा धान 1,940 रुपये और पतला धान 1,960 रुपये क्विंटल की दर से खरीदा जाएगा ।
केंद्रों में साबून-पानी की व्यवस्था, मास्क भी जरूरी
धान खरीदी केंद्रों में कोरोना गाइड लाइन का पालन करना जरूरी है। शासन ने इस संबंध में जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। इसके अनुसार खरीदी केंद्रों में हाथ धोने के लिए पानी और साबून की व्यवस्था रहेगी। साथ ही किसानों को मास्क लगाना भी अनिवार्य है।
सभी धान खरीदी केंद्र में तैयारी पूरी
एक दिसंबर से सभी उपार्जन केंद्रों में खरीदी की शुरुआत हो जाएगी। इसकी तैयारी भी पूरी हो गई है। आवश्यकता अनुसार सभी खरीदी केंद्रों में बारदाने पहुच गया है। वर्तमान में विभाग के पास 8 हजार 797 बारदाने हैं। पूरी खरीदी के लिए 26 हजार गठन बारदानों की आवश्यकता होगी।पीडीएस से 22 सौ गठान बारदाने प्राप्त हो चुके है। एम राहुल, जिला विपणन अधिकारी बालोद